इस्लाम में आपका स्वागत है

आपके पहले कदम, सरल बनाए गए

बधाई और आपका स्वागत है। यह सौम्य, चरण-दर-चरण मार्गदर्शिका आपको अपनी गति से आवश्यक बातें सिखाएगी।

धर्म की घोषणा

शहादा है: “अश-हदु अल्ला इलाहा इल्लल्लाह, व अश-हदु अन्ना मुहम्मदन रसूलुल्लाह” — “मैं गवाही देता हूं कि अल्लाह के अलावा कोई पूज्य नहीं है और मुहम्मद अल्लाह के रसूल हैं।”

ईमानदारी से इसे कहने से आप मुसलमान बन जाते हैं। यह हर उस चीज़ की नींव है जो आगे आती है।

शुद्धि (वुज़ू)

नमाज़ से पहले, मुसलमान वुज़ू करते हैं — हाथ, मुँह, नाक, चेहरा, बाँहें, सिर और पैर धोना। यह शरीर और दिल को अल्लाह के सामने खड़े होने के लिए तैयार करता है।

पाँच दैनिक नमाज़ें

मुसलमान दिन में पाँच बार नमाज़ पढ़ते हैं: फज्र (सुबह), ज़ुहर (दोपहर), अस्र (दोपहर बाद), मग़रिब (सूर्यास्त) और इशा (रात)। हर नमाज़ अल्लाह के साथ एक छोटी और खूबसूरत बातचीत है।

नए मुसलमानों के सवाल

क्या होगा अगर मैं अभी अरबी नहीं पढ़ सकता?

यह बिल्कुल ठीक है। छोटी सूरह से शुरू करें और धीरे-धीरे सीखें। सबसे ज़्यादा मायने रखता है सच्चा दिल।

अगर मैं कोई नमाज़ भूल जाऊं तो क्या करूं?

जैसे ही याद आए, उसे तुरंत पढ़ लें और आगे बढ़ें। अल्लाह बहुत क्षमाशील है।

रोज़े का महीना

रमज़ान के दौरान, मुसलमान सुबह से सूर्यास्त तक रोज़ा रखते हैं — खाने-पीने से परहेज करते हैं — ताकि आत्म-अनुशासन, कृतज्ञता और ईश्वर से निकटता बढ़ सके। यह दया और नवीनीकरण का महीना है।